पटना। पूर्णिया से सांसद और जन अधिकार पार्टी के प्रमुख पप्पू यादव को एक मामले में अदालत से जमानत मिल गई है, लेकिन इसके बावजूद वे फिलहाल जेल से बाहर नहीं आ पाएंगे। वजह यह है कि उनके खिलाफ अन्य मामलों में अभी कानूनी प्रक्रिया पूरी नहीं हुई है, जिसके चलते उन्हें जेल में ही रहना होगा।
सोमवार को पटना की एक स्थानीय अदालत में सुनवाई के दौरान पप्पू यादव भावुक हो गए। जज के सामने वे फूट-फूटकर रोने लगे और कहा कि पटना पुलिस उन्हें लगातार परेशान कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि पुराने मामलों को बार-बार उछालकर उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है।
अदालत में भावुक हुए सांसद
सुनवाई के दौरान पप्पू यादव ने कहा कि वे जनसेवा की राजनीति करते आए हैं, लेकिन इसके बावजूद उन्हें साजिश के तहत फंसाया जा रहा है। उन्होंने अदालत से निष्पक्ष न्याय की गुहार लगाई और कहा कि कानून का सम्मान करते हैं, लेकिन पुलिस की कार्यशैली से वे बेहद आहत हैं।
जमानत के बावजूद रिहाई नहीं
अदालत ने जिस मामले में जमानत दी है, वह पहले से दर्ज एक केस से जुड़ा है। हालांकि, उनके खिलाफ अन्य मामलों में अभी जमानत नहीं मिली है या कानूनी औपचारिकताएं बाकी हैं। इसी कारण जेल प्रशासन ने स्पष्ट किया कि सभी मामलों में राहत मिलने के बाद ही उनकी रिहाई संभव होगी।
समर्थकों में नाराजगी
पप्पू यादव की पेशी के दौरान अदालत परिसर और जेल के बाहर उनके समर्थकों की भीड़ जुटी रही। समर्थकों ने पुलिस कार्रवाई को राजनीतिक बदले की भावना से प्रेरित बताया और नारेबाजी की। उनका कहना है कि सरकार विपक्ष की आवाज दबाने की कोशिश कर रही है।
