मध्य-पूर्व में तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। इस बीच ईरान ने कहा है कि वह “मजबूरी में जंग लड़ रहा है” और क्षेत्रीय तनाव को बढ़ाने का उसका कोई इरादा नहीं है। ईरानी अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि तुर्किये, साइप्रस और अज़रबैजान पर हमले की खबरें पूरी तरह गलत हैं।
ईरानी सरकार का यह बयान ऐसे समय आया है जब इजराइल और ईरान के बीच सैन्य टकराव की खबरें लगातार सामने आ रही हैं। ईरान का दावा है कि हाल ही में हुए एक इजराइली हमले में देश के नए सुप्रीम लीडर घायल हो गए। हालांकि उनकी हालत को लेकर अभी आधिकारिक रूप से ज्यादा जानकारी साझा नहीं की गई है।
ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि देश युद्ध नहीं चाहता, लेकिन अगर उसकी सुरक्षा और संप्रभुता पर हमला होता है तो जवाब देना मजबूरी बन जाता है। उन्होंने कहा कि ईरान का मकसद क्षेत्र में शांति बनाए रखना है, लेकिन लगातार हो रहे हमलों के कारण उसे रक्षा के लिए कदम उठाने पड़ रहे हैं।
वहीं दूसरी ओर इजराइल की ओर से इस हमले को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कई देशों ने दोनों पक्षों से संयम बरतने और बातचीत के जरिए विवाद सुलझाने की अपील की है।
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर यह तनाव आगे बढ़ता है तो इसका असर पूरे मध्य-पूर्व क्षेत्र पर पड़ सकता है। फिलहाल दुनिया की नजरें ईरान और इजराइल के बीच बढ़ते इस टकराव पर टिकी हुई हैं।
