हिमाचल प्रदेश के सुंदर शहर धर्मशाला में आध्यात्मिक संगठन ब्रह्माकुमारीज़ द्वारा महाशिवरात्रि का पर्व श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर संस्था के स्थापना दिवस को भी विशेष रूप से याद किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों ने भाग लिया। सभा की शुरुआत दीप प्रज्वलन और ईश्वरीय गीतों से हुई, जिसके बाद राजयोग ध्यान का विशेष सत्र आयोजित किया गया।
संस्था की बहनों ने बताया कि महाशिवरात्रि केवल एक पर्व नहीं, बल्कि आत्मजागृति और आत्मशुद्धि का संदेश देने वाला पावन अवसर है। वक्ताओं ने कहा कि आज के तनावपूर्ण जीवन में शांति, प्रेम और सद्भाव की भावना को अपनाना समय की आवश्यकता है। कार्यक्रम के दौरान भगवान शिव के आध्यात्मिक स्वरूप पर प्रकाश डालते हुए बताया गया कि शिव परम शांति और शक्ति के स्रोत हैं, जो मानव जीवन को सकारात्मक दिशा देते हैं।
कार्यक्रम में उपस्थित वक्ताओं ने समाज में बढ़ती अशांति, हिंसा और नकारात्मकता पर चिंता व्यक्त करते हुए लोगों से आह्वान किया कि वे ध्यान और आध्यात्मिकता को जीवन का हिस्सा बनाएं। अंत में सभी ने विश्व शांति और मानव कल्याण के लिए सामूहिक प्रार्थना की। आयोजन ने क्षेत्र में आध्यात्मिक वातावरण का संचार किया और उपस्थित लोगों को सकारात्मक ऊर्जा से भर दिया।
