पूर्व मंत्री भुल्लर को अदालत ने 5 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। गिरफ्तारी के बाद उनके समर्थकों में भारी आक्रोश देखने को मिला। कोर्ट परिसर और आसपास के इलाकों में समर्थकों ने जमकर हंगामा किया और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करना पड़ा।
पुलिस के अनुसार, भुल्लर से पूछताछ के दौरान कई अहम खुलासे होने की उम्मीद है। मामले से जुड़े दस्तावेजों और अन्य सबूतों की जांच भी तेज कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि रिमांड के दौरान पूरे मामले की गहराई से जांच की जाएगी।
इधर, रंधावा को पूरे सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। अंतिम संस्कार के दौरान उन्हें लाल पगड़ी पहनाई गई, जो सम्मान और परंपरा का प्रतीक मानी जाती है। इस मौके पर बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे और नम आंखों से उन्हें विदा किया।
वहीं, मुख्यमंत्री ने इस मामले पर बड़ा बयान देते हुए कहा कि फिलहाल CBI जांच की कोई जरूरत नहीं है। उन्होंने साफ किया कि राज्य पुलिस इस मामले की जांच पूरी निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ कर रही है।
पूरे घटनाक्रम के बाद प्रदेश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। विपक्ष ने सरकार पर सवाल उठाए हैं, जबकि सरकार अपनी कार्रवाई को सही ठहरा रही है। आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
