हरियाणा के भिवानी जिले में आयोजित एक भजन संध्या के दौरान प्रसिद्ध भजन गायक और वक्ता कन्हैया मित्तल का बयान चर्चा में आ गया है। कार्यक्रम के दौरान मंच से बोलते हुए उन्होंने तथाकथित “लव जिहाद” के मुद्दे पर बेटियों को नसीहत दी और कहा कि बेटियाँ दुर्गा और काली जैसी शक्तिशाली बनें, लेकिन बुर्का पहनने वाली कभी न बनें।
कन्हैया मित्तल के इस बयान के दौरान भजन संध्या में मौजूद श्रद्धालु भजनों पर झूमते और तालियाँ बजाते नजर आए। उन्होंने अपने संबोधन में बेटियों को आत्मनिर्भर, जागरूक और अपनी संस्कृति से जुड़ा रहने का संदेश दिया। साथ ही उन्होंने समाज से बेटियों की सुरक्षा और संस्कारों पर ध्यान देने की अपील भी की।
कार्यक्रम में धार्मिक माहौल के बीच दिए गए इस बयान को लेकर सोशल मीडिया पर भी प्रतिक्रियाएँ सामने आ रही हैं। जहां कुछ लोग इसे सांस्कृतिक चेतना और सुरक्षा से जोड़कर देख रहे हैं, वहीं कुछ वर्ग इसे विवादास्पद और विभाजनकारी बयान बता रहे हैं।
फिलहाल कन्हैया मित्तल का यह बयान स्थानीय स्तर से निकलकर प्रदेशभर में चर्चा का विषय बन गया है।
