हरियाणा के सिरसा जिले में एक अनोखी और भावुक परंपरा देखने को मिली, जिसने हर किसी का दिल जीत लिया। यहां एक परिवार ने समाज के सामने सादगी और रिश्तों की मिसाल पेश करते हुए भात की रस्म में सिर्फ एक रुपया स्वीकार किया, जबकि भाई अपनी बहन के लिए ₹6.21 लाख नकद और कीमती गहने लेकर पहुंचा था।
जानकारी के मुताबिक, शादी समारोह के दौरान जब भात की रस्म निभाई जा रही थी, तब भाई पूरे सम्मान और परंपरा के अनुसार बड़ी रकम और गहनों के साथ आया। लेकिन बहन और उसके परिवार ने यह कहते हुए सब कुछ लौटाने का फैसला किया कि उनके लिए भाई का प्यार और आशीर्वाद ही सबसे बड़ा तोहफा है।
इस खास मौके पर हरियाणा के पूर्व मंत्री रणजीत सिंह भी भातियों के साथ समारोह में पहुंचे। उन्होंने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि समाज में इस तरह की सोच से फिजूल खर्च और दिखावे की परंपरा खत्म हो सकती है।
स्थानीय लोगों के बीच यह घटना चर्चा का विषय बनी हुई है। लोगों का कहना है कि आज के दौर में जहां शादियों में दिखावा और खर्च बढ़ता जा रहा है, वहीं इस परिवार ने सादगी और संस्कार की नई मिसाल पेश की है।
यह घटना समाज को यह संदेश देती है कि रिश्तों की असली कीमत पैसे से नहीं, बल्कि प्यार और सम्मान से होती है।
