हरियाणा में किराए पर रहने वाले लोगों के लिए फैमिली आईडी बनवाने की प्रक्रिया जल्द आसान होने वाली है। पानीपत के विधायक ने विधानसभा में यह मुद्दा उठाते हुए कहा कि प्रदेश में बड़ी संख्या में ऐसे लोग हैं जो किराए के मकानों में रहते हैं, लेकिन स्थायी पते की समस्या के कारण उनकी फैमिली आईडी नहीं बन पा रही है। इससे उन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में भी परेशानी हो रही है।
विधायक ने सरकार से मांग की कि किराएदारों के लिए फैमिली आईडी बनवाने की प्रक्रिया को सरल बनाया जाए, ताकि वे भी राज्य सरकार की योजनाओं का लाभ आसानी से ले सकें। इस पर जवाब देते हुए मंत्री कृष्ण कुमार बेदी ने कहा कि सरकार इस समस्या को गंभीरता से ले रही है और जल्द ही इसका समाधान किया जाएगा।
मंत्री बेदी ने बताया कि किराएदारों की पहचान सुनिश्चित करने के लिए फिजिकल वेरिफिकेशन की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। उन्होंने आश्वासन दिया कि संबंधित विभाग को निर्देश दे दिए गए हैं और अगले एक हफ्ते के भीतर किराएदारों का फिजिकल वेरिफिकेशन शुरू कर दिया जाएगा।
सरकार का कहना है कि इस कदम से किराए पर रहने वाले हजारों परिवारों को फायदा मिलेगा और वे भी फैमिली आईडी बनवाकर सरकारी योजनाओं से जुड़ सकेंगे। अधिकारियों के अनुसार, वेरिफिकेशन के बाद किराएदारों की जानकारी रिकॉर्ड में दर्ज की जाएगी, जिससे भविष्य में उन्हें किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा।
वहीं, इस फैसले से खासकर उन लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है जो काम या रोजगार के कारण दूसरे शहरों में किराए पर रह रहे हैं और जरूरी दस्तावेज न होने की वजह से अब तक फैमिली आईडी नहीं बनवा पाए थे। सरकार का दावा है कि नई व्यवस्था लागू होने के बाद किराएदारों के लिए यह प्रक्रिया काफी आसान और पारदर्शी हो जाएगी।
