हरियाणा के रोहतक में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री Bhupinder Singh Hooda ने राज्य सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में सरकारी नौकरियों को लेकर गंभीर अनियमितताएं सामने आ रही हैं और नौकरी दिलाने के नाम पर पैसों का खेल चल रहा है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा लंबे समय तक पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया के लिए जाना जाता था, लेकिन अब भर्ती व्यवस्थाओं को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि नौकरी दिलाने के नाम पर कथित तौर पर लेन-देन के मामले सामने आए हैं, जिससे युवाओं का भरोसा प्रभावित हो रहा है।
अपने संबोधन में उन्होंने कुरुक्षेत्र से जुड़े एक मामले का भी जिक्र किया और कहा कि एक जिला स्तर के पदाधिकारी का नाम सामने आने के बाद भर्ती प्रक्रिया और प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े हुए हैं। हालांकि उन्होंने कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
पूर्व मुख्यमंत्री ने बेरोजगारी, युवाओं के पलायन और भर्ती परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों को भी उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार युवाओं को पर्याप्त रोजगार उपलब्ध कराने में विफल रही है। साथ ही उन्होंने भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की।
वहीं भाजपा नेताओं ने विपक्ष के आरोपों को राजनीतिक बयानबाजी बताते हुए खारिज किया है। पार्टी का कहना है कि वर्तमान सरकार ने भर्ती प्रक्रियाओं को अधिक पारदर्शी और तकनीक आधारित बनाया है तथा किसी भी शिकायत की जांच नियमानुसार की जाती है।
राजनीतिक हलकों में इस बयान को लेकर चर्चा तेज हो गई है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच बयानबाजी और तेज होने की संभावना है।
