हरियाणा शिक्षक पात्रता परीक्षा (HTET) के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर इस बार कड़े इंतजाम देखने को मिले। परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों की गहन जांच की गई, ताकि किसी भी तरह की नकल या अनियमितता की संभावना को रोका जा सके।
महिला अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्र में प्रवेश से पहले अपने बाल खोलने के लिए कहा गया। इसके अलावा जूते, जुराब, आभूषण, अंगूठियां, चेन, कानों की बालियां और यहां तक कि हाथ में बंधा कलावा भी उतरवाया गया। सुरक्षा कर्मियों ने सभी अभ्यर्थियों की निर्धारित नियमों के अनुसार जांच की, जिसके बाद ही उन्हें परीक्षा कक्ष में प्रवेश दिया गया।
कई अभ्यर्थियों ने बताया कि जांच प्रक्रिया में समय जरूर लगा, लेकिन परीक्षा की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए यह जरूरी था। परीक्षा केंद्रों पर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की भी तैनाती रही, ताकि व्यवस्था सुचारु रूप से संचालित हो सके।
इसी बीच फतेहाबाद से एक सकारात्मक मामला भी सामने आया। परीक्षा देने जा रही एक छात्रा समय पर परीक्षा केंद्र नहीं पहुंच पा रही थी। सूचना मिलने पर डायल-112 पुलिस टीम ने तुरंत कार्रवाई की और छात्रा को करीब 30 मिनट के भीतर सुरक्षित परीक्षा केंद्र तक पहुंचा दिया। पुलिस की इस तत्परता की स्थानीय लोगों और अभ्यर्थियों ने सराहना की।
परीक्षा शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की थी। अधिकारियों का कहना है कि सख्त जांच और समयबद्ध व्यवस्थाओं का उद्देश्य केवल परीक्षा की पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करना है। वहीं, डायल-112 की त्वरित मदद ने यह भी दिखाया कि आपात स्थिति में समय पर कार्रवाई से अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिल सकती है।
