हरियाणा के सिरसा जिले में गुड़िया खेड़ा माइनर में करीब 20 फीट चौड़ी दरार आने से आसपास के किसानों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। दरार पड़ने के बाद बड़ी मात्रा में पानी खेतों में भर गया, जिससे लगभग 12 एकड़ में खड़ी धान और मूंगफली की फसल जलमग्न हो गई।
किसानों के अनुसार, माइनर टूटने से अचानक तेज़ी से पानी खेतों में फैल गया। देखते ही देखते कई खेत पानी से भर गए और फसल को भारी नुकसान पहुंचा। किसानों का कहना है कि उन्होंने बड़ी मेहनत और लागत से फसल तैयार की थी, लेकिन एक ही घटना में उनकी मेहनत पर पानी फिर गया।
घटना की सूचना मिलते ही सिंचाई विभाग और स्थानीय प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंचे। विभाग की टीम ने दरार की स्थिति का निरीक्षण किया और पानी के बहाव को नियंत्रित करने के प्रयास शुरू किए। साथ ही, क्षति का आकलन करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।
प्रभावित किसानों ने सरकार और प्रशासन से फसल नुकसान का सर्वे कराकर उचित मुआवजा देने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि जल्द राहत नहीं मिली तो उन्हें आर्थिक संकट का सामना करना पड़ेगा। किसानों ने माइनर की समय पर मरम्मत और नियमित निगरानी की भी मांग उठाई, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।
प्रशासन का कहना है कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत का कार्य प्राथमिकता के आधार पर कराया जा रहा है और नुकसान का पूरा आकलन होने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
