फाजिल्का (पंजाब)। भारत-पाक अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे फाजिल्का जिले में एक बार फिर संदिग्ध ड्रोन मूवमेंट से सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया। सीमा से लगे गांव के खेतों में एक हेरोइन से भरा पैकेट मिलने के बाद पुलिस और केंद्रीय एजेंसियों ने संयुक्त जांच शुरू कर दी है।
🚨 देर रात सुनी गई ड्रोन की आवाज
स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, देर रात आसमान में ड्रोन जैसी आवाज सुनाई दी। सुबह जब किसान अपने खेत में पहुंचे तो उन्हें प्लास्टिक में लिपटा एक संदिग्ध पैकेट दिखाई दिया। शक होने पर उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी।
📦 पैकेट में मिली हेरोइन
मौके पर पहुंची पुलिस और बीएसएफ की टीम ने पैकेट को कब्जे में लेकर जांच की। प्राथमिक जांच में पैकेट में हेरोइन होने की पुष्टि हुई है। बताया जा रहा है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत लाखों रुपये आंकी जा रही है। हालांकि, आधिकारिक तौर पर मात्रा और कीमत की पुष्टि फॉरेंसिक रिपोर्ट के बाद ही की जाएगी।
🛡️ BSF और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई
सीमा सुरक्षा में तैनात Border Security Force (BSF) ने पूरे इलाके में सर्च ऑपरेशन चलाया। ड्रोन के संभावित रूट और लॉन्चिंग पॉइंट को लेकर खुफिया एजेंसियां सक्रिय हो गई हैं। आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं और संदिग्धों पर नजर रखी जा रही है।
🔎 खुफिया नेटवर्क अलर्ट मोड पर
सूत्रों के मुताबिक, पाकिस्तान की ओर से ड्रोन के जरिए नशे की खेप भेजने की कोशिशें लगातार बढ़ रही हैं। सुरक्षा एजेंसियां इस एंगल से भी जांच कर रही हैं कि कहीं स्थानीय तस्करों की मिलीभगत तो नहीं है। खुफिया सोर्स को एक्टिव कर दिया गया है और सीमा से सटे गांवों में निगरानी बढ़ा दी गई है।
⚖️ NDPS एक्ट के तहत मामला दर्ज
पुलिस ने अज्ञात तस्करों के खिलाफ Narcotic Drugs and Psychotropic Substances Act, 1985 के तहत केस दर्ज कर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि ड्रोन तकनीक का इस्तेमाल कर की जा रही तस्करी को रोकने के लिए आधुनिक उपकरणों और एंटी-ड्रोन सिस्टम का सहारा लिया जा रहा है।
📌 पहले भी मिल चुकी हैं खेपें
गौरतलब है कि फाजिल्का सेक्टर में पहले भी कई बार ड्रोन के जरिए हथियार और नशीले पदार्थ गिराए जाने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। लगातार हो रही ऐसी घटनाओं ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है।
