The Kerala Story 2 की रिलीज से ठीक एक दिन पहले बड़ा कानूनी मोड़ सामने आया है। Kerala High Court ने फिल्म के प्रदर्शन पर अस्थायी रोक लगाते हुए सेंसर बोर्ड को इसे दोबारा रिव्यू करने का निर्देश दिया है। फिल्म शुक्रवार को देशभर के सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली थी।
क्या है पूरा मामला?
फिल्म के खिलाफ दायर याचिकाओं में आरोप लगाया गया था कि इसकी कहानी और कुछ संवाद राज्य की छवि को नुकसान पहुंचा सकते हैं तथा सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की आशंका है। याचिकाकर्ताओं ने यह भी कहा कि फिल्म के कुछ दृश्य तथ्यों से परे हैं और इन्हें प्रमाणित किए बिना प्रदर्शित करना उचित नहीं होगा।
सुनवाई के दौरान अदालत ने कहा कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता महत्वपूर्ण है, लेकिन इसके साथ सामाजिक जिम्मेदारी भी जुड़ी है। अदालत ने Central Board of Film Certification (CBFC) से पूछा कि क्या फिल्म के विवादित हिस्सों की पर्याप्त जांच की गई है।
कोर्ट का निर्देश
हाईकोर्ट ने सेंसर बोर्ड को निर्देश दिया कि:
- फिल्म की सामग्री का पुनः परीक्षण किया जाए।
- आपत्तिजनक माने जा रहे दृश्यों और संवादों पर विशेष ध्यान दिया जाए।
- आवश्यक हो तो संशोधन या कट लगाने पर विचार किया जाए।
जब तक दोबारा समीक्षा पूरी नहीं हो जाती, तब तक फिल्म की रिलीज पर रोक प्रभावी रहेगी।
निर्माता पक्ष का तर्क
फिल्म के निर्माताओं ने अदालत में कहा कि यह एक काल्पनिक कथा है, जिसका उद्देश्य किसी समुदाय या राज्य को बदनाम करना नहीं है। उन्होंने दलील दी कि फिल्म को पहले ही सेंसर बोर्ड से प्रमाणन मिल चुका है और रिलीज से ठीक पहले रोक लगाना आर्थिक रूप से भारी नुकसान पहुंचा सकता है।
आगे क्या?
अब सबकी नजर सेंसर बोर्ड की दोबारा समीक्षा पर टिकी है। यदि बोर्ड संशोधनों के बाद हरी झंडी देता है, तो फिल्म नई तारीख के साथ रिलीज हो सकती है।
फिलहाल, रिलीज से ठीक पहले आए इस फैसले ने फिल्म इंडस्ट्री और दर्शकों दोनों को चौंका दिया है।
