हरियाणा पुलिस कांस्टेबल भर्ती प्रक्रिया के दौरान एक अभ्यर्थी के घायल होने का मामला सामने आया है। हिसार के एक युवक का शारीरिक दक्षता परीक्षा (PST/PMT) के दौरान पैर टूट गया, जिसके बाद भर्ती प्रक्रिया की व्यवस्थाओं पर सवाल उठने लगे हैं। अभ्यर्थियों का आरोप है कि उन्हें निर्धारित एथलेटिक ट्रैक के बजाय सड़क पर दौड़ लगवाई गई, जिससे कई उम्मीदवारों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
जानकारी के अनुसार, हरियाणा में 5,500 कांस्टेबल पदों पर भर्ती के लिए शारीरिक परीक्षा आयोजित की जा रही है। बड़ी संख्या में युवा इसमें हिस्सा लेने पहुंचे हैं। इसी दौरान हिसार के एक अभ्यर्थी के गिरने से उसका पैर गंभीर रूप से घायल हो गया। बाद में जांच में फ्रैक्चर की पुष्टि होने की बात सामने आई।
कुछ अभ्यर्थियों ने आरोप लगाया कि दौड़ के दौरान पर्याप्त व्यवस्थाएं नहीं थीं। उनका कहना है कि सड़क की सतह असमान होने के कारण कई उम्मीदवार संतुलन खो बैठे। गर्म मौसम और लंबी दौड़ के कारण भी कई युवाओं की सांसें फूलने लगीं और कुछ अभ्यर्थी बीच रास्ते में गिर गए।
घटना के बाद घायल युवक को तुरंत चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई गई। चिकित्सकों ने उसका उपचार शुरू कर दिया है। वहीं भर्ती प्रक्रिया में शामिल अन्य अभ्यर्थियों ने भी व्यवस्थाओं में सुधार की मांग उठाई है।
दूसरी ओर, भर्ती प्रक्रिया से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि सभी व्यवस्थाएं निर्धारित मानकों के अनुसार की जा रही हैं। घटना की जानकारी मिलने के बाद मामले की जांच की जा रही है। यदि कहीं कोई कमी पाई जाती है तो आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग और पुलिस विभाग द्वारा इस भर्ती अभियान के माध्यम से राज्य में 5,500 कांस्टेबल पदों को भरा जाना है। भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने के लिए विभिन्न तकनीकी व्यवस्थाएं भी लागू की गई हैं।
घटना के बाद अभ्यर्थियों और उनके परिजनों ने भर्ती केंद्रों पर सुरक्षा और स्वास्थ्य संबंधी सुविधाओं को और बेहतर बनाने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं से बचा जा सके।
