मायावती बोलीं- बाबा साहब बहुजन समाज के मसीहा थे
देशभर में Ambedkar Jayanti के अवसर पर कार्यक्रम आयोजित किए गए, जहां राजनीतिक नेताओं की सक्रियता भी देखने को मिली। इसी क्रम में समाजवादी पार्टी के प्रमुख Akhilesh Yadav लाल टोपी और नीले गमछे में कार्यक्रम में पहुंचे, जो राजनीतिक और सामाजिक संदेश के रूप में देखा जा रहा है।
इस मौके पर बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख Mayawati ने भी B. R. Ambedkar को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि बाबा साहब बहुजन समाज के मसीहा थे और उन्होंने समाज के वंचित वर्गों को अधिकार दिलाने के लिए ऐतिहासिक कार्य किए।
अखिलेश यादव की उपस्थिति और उनका पहनावा भी चर्चा का विषय बना हुआ है। लाल टोपी समाजवादी पार्टी का प्रतीक मानी जाती है, जबकि नीला रंग बाबा साहब और बहुजन विचारधारा से जुड़ा हुआ है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अंबेडकर जयंती जैसे अवसरों पर नेताओं के बयान और गतिविधियां आने वाले चुनावी समीकरणों को भी प्रभावित कर सकती हैं।
इस दौरान विभिन्न स्थानों पर रैलियां, श्रद्धांजलि सभाएं और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए, जहां लोगों ने बाबा साहब के विचारों को याद किया।
फिलहाल, अंबेडकर जयंती के मौके पर राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर व्यापक गतिविधियां देखने को मिल रही हैं, जो समाज में उनके विचारों की प्रासंगिकता को दर्शाती हैं।
