हरियाणा के करनाल और कैथल के दो युवकों के खिलाफ चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। आरोप है कि दोनों ने जर्मनी में रहते हुए एक गैंग बनाया और भारत में लूटपाट व रंगदारी की वारदातों को अंजाम देने की योजना तैयार की। पुलिस ने दोनों आरोपियों को कुरुक्षेत्र के चर्चित टैक्सी लूटकांड में एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी विदेश में बैठकर अपने नेटवर्क के जरिए आपराधिक गतिविधियों को संचालित कर रहे थे। बताया जा रहा है कि गैंग का मकसद लोगों को डराकर रंगदारी वसूलना और लूट की घटनाओं को अंजाम देना था। इसके लिए स्थानीय स्तर पर भी कुछ लोगों को जोड़ने की कोशिश की गई थी।
कुरुक्षेत्र में हुए टैक्सी लूटकांड की जांच के दौरान पुलिस को आरोपियों के बारे में महत्वपूर्ण सुराग मिले। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपियों का पीछा किया। इस दौरान हुई मुठभेड़ में दोनों को काबू कर लिया गया। पुलिस के अनुसार आरोपियों से पूछताछ में कई अहम जानकारियां मिली हैं।
जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि गैंग का नेटवर्क कितना बड़ा था और इसके तार किन-किन लोगों से जुड़े हुए हैं। साथ ही विदेश में बैठे अन्य सहयोगियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गहन जांच जारी है और जल्द ही कई अन्य खुलासे हो सकते हैं। आरोपियों के खिलाफ लूट, रंगदारी और आपराधिक साजिश सहित विभिन्न धाराओं में कार्रवाई की जा रही है।
