हरियाणा के पंचकूला में HPSC (हरियाणा लोक सेवा आयोग) अभ्यर्थियों के धरने को लेकर शनिवार को विवाद की स्थिति बन गई। धरना स्थल से प्रदर्शनकारियों को हटाने के दौरान अभ्यर्थियों ने पुलिस पर लाठीचार्ज और बदसलूकी के आरोप लगाए। वहीं, पुलिस ने इन आरोपों पर अपना पक्ष रखते हुए कहा कि धरना समाप्त करने की कार्रवाई निर्धारित प्रक्रिया के तहत की गई।
प्रदर्शनकारी अभ्यर्थियों का आरोप है कि वे अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण ढंग से धरना दे रहे थे। उनका कहना है कि पुलिस ने अचानक कार्रवाई करते हुए उनके साथ धक्का-मुक्की की और कुछ अभ्यर्थियों के साथ अभद्र व्यवहार किया। कुछ प्रदर्शनकारियों ने यह भी दावा किया कि कार्रवाई के दौरान हल्का बल प्रयोग किया गया।
दूसरी ओर, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि धरने की अनुमति (परमिशन) की अवधि समाप्त हो चुकी थी। प्रदर्शनकारियों से कई बार स्थल खाली करने की अपील की गई, लेकिन जब वे नहीं हटे तो उन्हें शांतिपूर्वक वहां से हटाया गया। पुलिस ने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कार्रवाई की गई और अनावश्यक बल प्रयोग नहीं किया गया।
घटना के दौरान कुछ समय के लिए तनाव का माहौल रहा, हालांकि बाद में स्थिति सामान्य हो गई। प्रशासन ने पूरे घटनाक्रम की जानकारी वरिष्ठ अधिकारियों को दी है। यदि किसी पक्ष की ओर से औपचारिक शिकायत दी जाती है, तो उसकी भी नियमानुसार जांच की जाएगी।
फिलहाल HPSC अभ्यर्थियों की मांगों को लेकर विवाद जारी है। प्रदर्शनकारी अपनी भर्ती संबंधी मांगों पर अड़े हुए हैं, जबकि प्रशासन कानून-व्यवस्था बनाए रखने और निर्धारित नियमों का पालन कराने की बात कह रहा है। मामले को लेकर दोनों पक्षों के अलग-अलग दावे सामने आए हैं और आगे की स्थिति पर सभी की नजर बनी हुई है।
