हरियाणा के सिरसा में कांग्रेस के भीतर चल रही सियासी खींचतान अब खुलकर सामने आ गई है। कांग्रेस जिलाध्यक्ष और पार्टी के विधायकों के बीच बयानबाजी तेज हो गई है। नेताओं के एक-दूसरे पर दिए जा रहे बयानों से पार्टी की अंदरूनी गुटबाजी की चर्चा भी बढ़ गई है।
कांग्रेस विधायक गोकुल सेतिया ने जिलाध्यक्ष शीशपाल केहरवाला और पार्टी से जुड़े राजनीतिक समीकरणों पर टिप्पणी करते हुए कहा कि “बेनीवाल किसी की सगी नहीं हैं।” उनके इस बयान के बाद कांग्रेस के भीतर विवाद और तेज हो गया।
वहीं, शीशपाल केहरवाला ने भी पलटवार करते हुए कहा कि “ऐसी दुकानें ज्यादा दिन नहीं चलतीं और जल्द बंद हो जाती हैं।” उनके इस बयान को गोकुल सेतिया की राजनीति पर निशाने के तौर पर देखा जा रहा है।
दोनों नेताओं की बयानबाजी के बाद सिरसा कांग्रेस की अंदरूनी राजनीति चर्चा में आ गई है। पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों के बीच भी इस विवाद को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
फिलहाल कांग्रेस नेतृत्व की ओर से इस विवाद को लेकर कोई बड़ा आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। आने वाले दिनों में पार्टी के अंदर चल रही इस खींचतान का असर संगठनात्मक गतिविधियों और स्थानीय राजनीति पर कितना पड़ता है, यह देखने वाली बात होगी।
