616 करोड़ रुपये के कथित मनी लॉन्ड्रिंग और रियल एस्टेट घोटाले से जुड़े मामले में सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व विधायक Dharam Singh Chhoker से महत्वपूर्ण सवाल किए हैं। अदालत ने सुनवाई के दौरान पूछा कि जिन खरीदारों से पैसे लिए गए थे, उन्हें उनकी राशि वापस कैसे लौटाई जाएगी और उनकी समस्याओं का समाधान किस प्रकार किया जाएगा।
मामला उन आरोपों से जुड़ा है जिनमें फ्लैट खरीदने के इच्छुक लोगों से करोड़ों रुपये लेने के बावजूद उन्हें समय पर आवास उपलब्ध नहीं कराए जाने की बात कही गई है। जांच एजेंसियों के अनुसार, परियोजनाओं से जुड़े वित्तीय लेन-देन और धन के उपयोग को लेकर गंभीर अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं।
सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने खरीदारों के हितों पर चिंता जताई। अदालत ने कहा कि बड़ी संख्या में लोगों की मेहनत की कमाई इस मामले से जुड़ी हुई है और उनके हितों की रक्षा करना आवश्यक है। कोर्ट ने यह जानने की कोशिश की कि यदि परियोजनाएं पूरी नहीं हुईं और फ्लैट नहीं दिए गए, तो प्रभावित लोगों को राहत किस प्रकार मिलेगी।
पूर्व विधायक फिलहाल इस मामले में जेल में बंद हैं और जांच एजेंसियां कथित वित्तीय अनियमितताओं तथा मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों की जांच कर रही हैं। मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) और अन्य एजेंसियों द्वारा भी कार्रवाई की जा चुकी है।
कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि अदालत का मुख्य फोकस उन खरीदारों के हितों की सुरक्षा पर है, जिन्होंने परियोजनाओं में निवेश किया था। कोर्ट ने मामले में जवाबदेही तय करने और प्रभावित लोगों को राहत देने के उपायों पर भी सवाल उठाए हैं।
फिलहाल मामले की सुनवाई जारी है। सुप्रीम कोर्ट द्वारा मांगे गए जवाब और जांच एजेंसियों की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी प्रक्रिया तय होगी। इस मामले पर हजारों निवेशकों और खरीदारों की नजरें टिकी हुई हैं।
