हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (HSSC) ने शारीरिक दक्षता परीक्षा (PST) को अधिक पारदर्शी और तकनीकी रूप से मजबूत बनाने के लिए नई हाईटेक व्यवस्था लागू करने का फैसला किया है। इस नई प्रणाली के तहत अभ्यर्थियों को दौड़ पूरी होते ही उनका परिणाम तुरंत स्क्रीन पर दिखाई देगा। इससे परिणाम को लेकर किसी प्रकार की भ्रम या विवाद की संभावना कम होगी।
आयोग द्वारा लागू किए जा रहे रियल-टाइम मॉनिटरिंग सिस्टम के माध्यम से परीक्षा प्रक्रिया की लगातार निगरानी की जाएगी। अभ्यर्थियों के प्रदर्शन का डेटा डिजिटल रूप से रिकॉर्ड होगा और निर्धारित मानकों के आधार पर तुरंत मूल्यांकन किया जाएगा। इससे पूरी प्रक्रिया अधिक तेज, सटीक और निष्पक्ष बनने की उम्मीद है।
अधिकारियों के अनुसार, नई तकनीक के इस्तेमाल से मैनुअल हस्तक्षेप कम होगा और मानवीय त्रुटियों की संभावना भी घटेगी। दौड़ पूरी होने के तुरंत बाद अभ्यर्थी अपनी स्क्रीन पर समय और परिणाम देख सकेंगे। इससे उम्मीदवारों को तत्काल जानकारी मिल जाएगी कि उन्होंने निर्धारित मानकों को पूरा किया है या नहीं।
आयोग का मानना है कि यह व्यवस्था भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगी। रियल-टाइम डेटा रिकॉर्डिंग और निगरानी के कारण किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या विवाद की स्थिति में रिकॉर्ड उपलब्ध रहेगा।
नई प्रणाली को लागू करने के लिए तकनीकी संसाधनों और डिजिटल उपकरणों की व्यवस्था की जा रही है। परीक्षा केंद्रों पर विशेष स्क्रीन, टाइमिंग सिस्टम और निगरानी उपकरण लगाए जाएंगे ताकि पूरी प्रक्रिया सुचारु रूप से संचालित की जा सके।
अभ्यर्थियों ने भी इस पहल का स्वागत किया है। उनका कहना है कि तत्काल परिणाम मिलने से अनिश्चितता कम होगी और भर्ती प्रक्रिया पर विश्वास बढ़ेगा। आयोग को उम्मीद है कि नई तकनीक से PST का आयोजन पहले से अधिक पारदर्शी और प्रभावी बन सकेगा।
