हरियाणा के यमुनानगर और हिसार से सफाई व्यवस्था को लेकर विवाद की घटनाएं सामने आई हैं। यमुनानगर में SP आवास के आसपास कूड़ा उठाने पहुंचे सफाई कर्मचारियों को कथित तौर पर काम करने से रोका गया। मामला बढ़ने पर पुलिस मौके पर पहुंची और कुछ सफाईकर्मियों को पुलिस वैन में बैठाकर ले गई। वहीं हिसार में कचरा उठाने को लेकर हुए विवाद के दौरान पुलिस टीम पर कूड़ा फेंकने का वीडियो सामने आया है।
यमुनानगर में सफाई कर्मचारियों के SP आवास के नजदीक पहुंचने के बाद विवाद शुरू होने की बात सामने आई। कर्मचारियों का कहना था कि वे नियमित रूप से कूड़ा उठाने के लिए पहुंचे थे, लेकिन उन्हें वहां से कचरा हटाने की अनुमति नहीं दी गई। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस को मौके पर बुलाया गया।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की। इसी दौरान कुछ सफाईकर्मियों को पुलिस वाहन में बैठाकर थाने ले जाने की जानकारी सामने आई है। मामले को लेकर सफाई कर्मचारियों और स्थानीय लोगों के बीच भी चर्चा शुरू हो गई है।
उधर, हिसार में सामने आए वीडियो में पुलिसकर्मियों के साथ कचरे को लेकर विवाद दिखाई देने का दावा किया जा रहा है। आरोप है कि विरोध के दौरान पुलिस टीम पर कचरा फेंका गया। घटना का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस कार्रवाई को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।
कूड़ा उठाने और सफाई व्यवस्था से जुड़े विवादों में स्थानीय निकायों, सफाई कर्मचारियों और नागरिकों के बीच समन्वय बेहद जरूरी है। सार्वजनिक स्थानों पर कचरा जमा होने से स्वास्थ्य और स्वच्छता संबंधी समस्याएं बढ़ सकती हैं। वहीं सफाई कर्मचारियों को काम करने से रोकने या सरकारी कार्य में बाधा डालने जैसे मामलों में कानूनी कार्रवाई भी हो सकती है।
फिलहाल दोनों घटनाओं को लेकर पुलिस और संबंधित विभागों की कार्रवाई पर नजर है। सामने आए वीडियो और शिकायतों की जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि विवाद की शुरुआत किस वजह से हुई और किन लोगों की भूमिका रही।
