हरियाणा के पानीपत में हुए चर्चित डबल मर्डर केस की जांच में पुलिस के सामने कई हैरान करने वाले तथ्य आए हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने पहले अपने चाचा की हत्या की और इसके बाद अपने एक दोस्त को शव ठिकाने लगाने के लिए बुलाया। जब दोस्त ने इस काम में सहयोग करने से इनकार कर दिया, तो आरोपी ने उसे भी गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया।
जांच में सामने आया है कि आरोपी अपने चाचा से पुरानी पारिवारिक रंजिश रखता था। इसी रंजिश के चलते उसने पहले चाचा की हत्या कर दी। हत्या के बाद वह शव को ठिकाने लगाने की योजना बना रहा था। इसके लिए उसने अपने एक करीबी दोस्त को बुलाया और उससे मदद मांगी।
पुलिस के मुताबिक, दोस्त ने हत्या में शामिल होने या शव को छिपाने से साफ इनकार कर दिया। इससे आरोपी नाराज हो गया और उसने कथित तौर पर दोस्त पर गोलियां चला दीं। गंभीर चोट लगने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
जांच अधिकारियों का कहना है कि आरोपी दोनों शवों को नहर में फेंककर सबूत मिटाना चाहता था। इसके लिए उसने पूरी योजना भी तैयार कर ली थी। हालांकि घटनास्थल के आसपास लोगों की आवाजाही और भीड़ देखकर वह घबरा गया। इसी कारण शवों को नहर तक नहीं ले जा सका और उन्हें सड़क किनारे छोड़कर फरार हो गया।
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने विशेष टीमों का गठन कर जांच शुरू की थी। तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज और अन्य सुरागों के आधार पर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आई हैं।
फिलहाल आरोपी पुलिस हिरासत में है और उससे गहन पूछताछ की जा रही है। पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और जल्द ही अदालत में मजबूत साक्ष्यों के साथ आरोप पत्र पेश किया जाएगा।
