हरियाणा के यमुनानगर में साइबर अपराध का एक गंभीर मामला सामने आया है। एक विधायक का WhatsApp अकाउंट हैक कर ठगों ने उनके नाम पर अधिकारियों, नेताओं और अन्य परिचितों को मैसेज भेजकर पैसे मांगने शुरू कर दिए। घटना का पता चलते ही विधायक और उनके कार्यालय में हड़कंप मच गया।
जानकारी के अनुसार, हैकरों ने विधायक के WhatsApp अकाउंट पर कब्जा करने के बाद उनके संपर्क सूची में मौजूद लोगों को संदेश भेजे। इन मैसेजों में विभिन्न बहानों से तत्काल आर्थिक मदद की मांग की गई। कुछ लोगों को ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर करने के लिए भी कहा गया।
मामले की जानकारी तब सामने आई जब कई परिचितों ने विधायक के कार्यालय से संपर्क कर पैसों की मांग वाले संदेशों की पुष्टि करनी चाही। इसके बाद स्पष्ट हुआ कि WhatsApp अकाउंट साइबर ठगों के कब्जे में चला गया है।
विधायक की ओर से लोगों को सतर्क रहने और किसी भी प्रकार का पैसा ट्रांसफर न करने की अपील की गई है। साथ ही कहा गया है कि उनके नाम से आने वाले संदिग्ध संदेशों पर भरोसा न करें और किसी भी वित्तीय लेनदेन से पहले सत्यापन अवश्य करें।
बताया जा रहा है कि यह पहली बार नहीं है जब विधायक साइबर अपराधियों के निशाने पर आए हों। करीब दो वर्ष पहले उनके सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) अकाउंट को भी हैक करने की कोशिश या हैकिंग की घटना सामने आई थी। अब एक बार फिर साइबर ठगों ने उनके WhatsApp अकाउंट को निशाना बनाया है।
मामले की शिकायत साइबर पुलिस को दे दी गई है। पुलिस तकनीकी जांच के जरिए यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि अकाउंट कैसे हैक हुआ और इसके पीछे कौन लोग शामिल हैं। साइबर विशेषज्ञ भी अकाउंट को सुरक्षित रूप से रिकवर करने में जुटे हैं।
पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि किसी भी व्यक्ति के नाम से पैसे मांगने वाले संदेश मिलने पर उसकी सत्यता की जांच जरूर करें और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तुरंत साइबर हेल्पलाइन या पुलिस को दें।
