हरियाणा के कांवड़ियों के साथ इस बार आस्था का एक अनोखा दृश्य देखने को मिल रहा है। एक नंदी (बैल) श्रद्धालुओं के साथ हरिद्वार से पैदल यात्रा कर रहा है। उसकी पीठ पर गंगाजल रखा गया है, जिसे निर्धारित मंदिर तक पहुंचाकर भगवान शिव का जलाभिषेक किया जाएगा।
श्रद्धालुओं के अनुसार, नंदी लगभग 400 किलोमीटर की यात्रा कांवड़ियों के साथ पूरी करेगा। यात्रा के दौरान जब उसकी पीठ पर गंगाजल नहीं होता, तब उसके लिए चारा और अन्य आवश्यक सामान वाहन में साथ रखा जाता है, ताकि उसकी देखभाल में कोई कमी न रहे।
कांवड़ियों का कहना है कि यह यात्रा केवल धार्मिक परंपरा ही नहीं, बल्कि भगवान शिव के वाहन नंदी के प्रति श्रद्धा और सम्मान का भी प्रतीक है। रास्ते में श्रद्धालु नंदी के दर्शन कर आशीर्वाद ले रहे हैं और उसकी सेवा भी कर रहे हैं।
यात्रा पूरी होने के बाद गंगाजल को मंदिर में ले जाकर भगवान शिव का विधि-विधान से जलाभिषेक किया जाएगा। इस अनोखी कांवड़ यात्रा को देखने के लिए रास्ते में बड़ी संख्या में लोग जुट रहे हैं।
श्रद्धालुओं का कहना है कि आस्था, सेवा और पशु संरक्षण का यह संदेश समाज में सकारात्मक सोच को बढ़ावा देता है और धार्मिक परंपराओं के साथ जीवों के प्रति संवेदनशीलता का भी परिचय कराता है।
